ऑस्ट्रेलियाई सेलेक्टर्स पर लगा भेदभाव का आरोप, डेब्यू से पहले ही विवादों से घिरा 19 साल का क्रिकेटर
बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के आखिरी दो मैचों के लिए क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने अपनी टीम का एलान कर दिया है। इसके बाद बोर्ड की चयन समिति आलोचकों के निशाने पर आ गई है। मुख्य चयनकर्ता जॉर्ज बेली पर भेदभाव के आरोप लगे हैं। ये पूरा मामला नाथन मैकस्वानी को टीम से बाहर करने का है। इसे लेकर सोशल मीडिया पर बेली की जमकर सुनाई जा रही है।
19 साल के खिलाड़ी को मिली ऑस्ट्रेलियाई टीम में जगहक्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने भारत के खिलाफ खेले जाने वाले आखिरी दो टेस्ट मैचों के लिए अपनी 15 सदस्यीय टीम का एलान कर दिया है। इस एलान के बाद सेलेक्शन कमेटी निशान पर है और सबसे ज्यादा आलोचना मुख्य चयनकर्ता जॉर्ज बेली की हो रही है और इसका कारण एक 19 साल का खिलाड़ी है जिसे लेकर चयन समिति पर भेदभाव के आरोप लग रहे हैं।
चयन समिति ने आखिरी दो टेस्ट मैचों के लिए सलामी बल्लेबाज नाथन मैकस्वानी को टीम में नहीं चुना है और उनकी जगह 19 साल सैम कोनस्टास को जगह दी है। इसी लेकर बेली पर भेदभाव के आरोप लग रहे हैं। मैकस्वानी को शुरुआती तीनों मैचों में ओपनिंग करने का मौका मिला था।
नहीं दिए पर्याप्त मौके
टीम के एलान के बाद सोशल मीडिया पर मैकस्वानी को बाहर करने को लेकर माहौल गर्मा गया। कई फैंस का कहना है कि सिर्फ तीन मैचों के बाद ही मैकस्वानी को बाहर करना गलत है। फैंस का कहना है कि उन्हें और मौके मिलने चाहिए थे। मैकस्वानी ने तीन टेस्ट मैचों की छह पारियों में कुल 72 रन बनाए। फैंस बेली की इसलिए भी आलोचना कर रहे हैं क्योंकि मैकस्वानी घरेलू क्रिकेट में मिडिल ऑर्डर में बल्लेबाजी करते थे लेकिन फिर उन्हें इस सीरीज में ओपनिंग की जिम्मेदारी सौंपी गई। वहीं देखा जाए तो दूसरे सलामी बल्लेबाज उस्मान ख्वाजा ने भी इस सीरीज में अभी तक संघर्ष किया है।
कोनस्टास ने खेले सिर्फ 11 फर्स्ट क्लास मैचमैकस्वानी की जगह टीम में आए कोनस्टास को सिर्फ 11 फर्स्ट क्लास मैचों का अनुभव है। इस दौरान उनका औसत 42.23 का रहा है और उनके बल्ले से 718 रन निकले हैं। फर्स्ट क्लास में उन्होंने दो शतक जमाए हैं और तीन में अर्धशतक जमाए हैं। उन्होंने एडिलेड टेस्ट मैच के बाद भारत और प्राइम मिनिस्टर इलेवन के बीच खेले गए मैच में शतक जमाया था और 107 रन बनाए थे। सीरीज से पहले भी उनके चुने जाने की खबरें थीं,लेकिन चयनकर्ताओं ने मैकस्वानी को चुना था।
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